रेलवे ने 15 अप्रैल से यात्री ट्रेनें चलाने की तैयारी शुरू कर दी है। लेकिन वास्तव में ट्रेनें कब से चलेंगी इसका फैसला सरकार द्वारा लॉकडाउन खत्म किए जाने के फैसले पर निर्भर करेगा। एक रेल अधिकारी ने शनिवार को बताया, 'रेलवे बोर्ड से हर ट्रेन के बारे में विशिष्ट मंजूरी मिलने के बाद ही ट्रेन सेवाओं को बहाल किया जाएगा। चरणबद्ध योजना के लिए सुझाव रेलवे बोर्ड को दिए जाने चाहिए।' शुक्रवार को रेल मंत्री पीयूष गोयल और रेलवे बोर्ड के चेयरमैन के बीच हुई वीडियो कांफ्रेंस में यह फैसला लिया गया था।
सूत्रों के मुताबिक, शुरू में लंबी दूरी की मेल/एक्सप्रेस ट्रेनें चलाई जाएंगी। पैसेंजर ट्रेनों का नंबर बाद में आएगा। इस संबंध में रेल अफसरों और कर्मचारियों को तैयार रहने के लिए कहा गया है। रैकों की उपलब्धता को ध्यान में रखते हुए रेलवे के सभी 17 जोन ट्रेनों की पहचान करने और उनकी सेवाएं बहाल करने की योजना बना रहे हैं। संभावना है कि ट्रेन सेवा बहाल होने पर सभी यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी और सरकार द्वारा सुझाए गए सभी प्रोटोकॉल पर अमल किया जाएगा।
